विशेष संवाददाता | देवरी
गोंदिया ( देवरी ) : शहर में आज जश्न-ए-ईद-मिलादुन्नबी का मुकद्दस त्योहार बेहद अकीदत, अहतराम और उत्साह के साथ मनाया गया। इस रूहानी मौके पर शहर में एक विशाल जुलूस-ए-मुहम्मदी निकाला गया, जिसमें हजारों की तादाद में आशिकाने-रसूल ने शिरकत की। भाईचारे और कौमी यकजहती की जो मिसाल आज देखने को मिली, उसने देवरी की गंगा-जमुनी तहजीब की शान में चार चांद लगा दिए।
यह नूरानी जुलूस देवरी स्थित जामा मस्जिद से तकबीर व दरूद की सदाओं के साथ शुरू हुआ। जुलूस में शामिल लोग हाथों में हरे परचम थामे सरकार की आमद का जश्न मना रहे थे। जामा मस्जिद से रवाना होकर जुलूस शहर के प्रमुख मार्गों और बाजारों से होता हुआ गुजरा। पूरे रास्ते में हर तरफ जश्न का माहौल और अकीदत के रंग दिखाई दे रहे थे।
अन्य समाजों ने पेश की भाईचारे की मिसाल
जुलूस-ए-मुहम्मदी का सबसे खूबसूरत मंजर उस वक्त देखने को मिला जब शहर के अन्य समाजों और धर्मों के लोगों ने जगह-जगह स्टॉल लगाकर और पुष्पवर्षा कर जुलूस का जोरदार इस्तकबाल किया। गैर-मुस्लिम भाइयों ने जुलूस में शामिल लोगों का दिल खोलकर स्वागत किया और मुबारकबाद दी। आपसी मोहब्बत और भाईचारे की यह अटूट मिसाल देवरी शहर की ऐतिहासिक पहचान और शान है।
शहर भर का गश्त करने के बाद जुलूस-ए-मुहम्मदी शांतिपूर्ण तरीके से देवरी मुस्लिम कब्रिस्तान मैदान पहुंचा, जहां यह एक बड़ी सभा में तबदील होकर संपन्न हुआ। मैदान में मुल्क की सलामती, अमन-चैन और खुशहाली के लिए खास दुआएं मांगी गईं। पूरे कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा और व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम रहे।








