सड़े टमाटर, चूहों से कुतरे आलू, एक्सपायरी खाद्य सामग्री और भारी गंदगी मिलने पर FDA की कार्रवाई
गोंदिया : गोंदिया शहर के शास्त्री प्रभाग स्थित एक नामी रेस्टोरेंट में जनस्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा पैदा करने वाली गंदगी और खाद्य सुरक्षा नियमों के उल्लंघन का मामला सामने आया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए अन्न व औषध प्रशासन (FDA) ने संबंधित रेस्टोरेंट का खाद्य लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
अन्न सुरक्षा अधिकारी चै. ज. नानोटे द्वारा 7 सितंबर 2026 को किए गए निरीक्षण के दौरान रेस्टोरेंट में कई गंभीर खामियां पाई गईं।
निरीक्षण के दौरान किचन में सड़े हुए टमाटर, चूहों द्वारा कुतरे गए और कीड़ों से दूषित आलू पाए गए। इसके अलावा सनफ्लावर वनस्पति/तेल, ब्रेड और स्वीट कॉर्न जैसी एक्सपायरी खाद्य सामग्री मिली। वहीं मगज बीज और चाट मसाले के पैकेट बिना लेबल के पाए गए।
रेस्टोरेंट में कचरे के डिब्बे खुले हुए थे और उन्हें गैस के बिल्कुल पास रखा गया था। इससे कीड़े-मकौड़ों और चूहों के प्रकोप का खतरा बढ़ने की स्थिति सामने आई।
जांच में यह भी पाया गया कि शाकाहारी और मांसाहारी भोजन के लिए अलग-अलग बर्तनों का इस्तेमाल नहीं किया जा रहा था। इसके अलावा कच्चे मांस को पीने के पानी के नल के नीचे अनुचित तरीके से धोया जा रहा था। इससे खाद्य पदार्थों में परस्पर दूषितीकरण (Cross-Contamination) का गंभीर खतरा बना हुआ था।
किचन में वेंटिलेशन और चिमनी की उचित सफाई नहीं किए जाने के कारण भारी मात्रा में ग्रीस और कालिख जमा थी। वहीं ड्रेनेज व्यवस्था भी उचित नहीं होने के कारण गंदा पानी जमा हो रहा था।
इन गंभीर खामियों के चलते रेस्टोरेंट में आने वाले ग्राहकों को फूड पॉइजनिंग, गैस्ट्रोएन्टेराइटिस और अन्य संक्रामक बीमारियों का खतरा पैदा हो गया था।
जनहित और जनस्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए पदनिर्देशित अधिकारी तथा सहायक आयुक्त (अन्न) अमृता शिर्के ने संबंधित खाद्य प्रतिष्ठान का लाइसेंस 8 सितंबर 2026 से अगले आदेश तक निलंबित करने के आदेश जारी किए हैं।
लाइसेंस निलंबित रहने के दौरान संबंधित प्रतिष्ठान में किसी भी प्रकार का खाद्य व्यवसाय करने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। आदेश का उल्लंघन करने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले के खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच मुहिम लगातार जारी रहेगी। जांच के दौरान स्वच्छता अथवा खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता में गंभीर खामियां पाए जाने पर संबंधित प्रतिष्ठान का लाइसेंस तत्काल निलंबित या रद्द किया जाएगा। साथ ही खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।








